मंत्री जूली ने लाभार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की योजनाओें का राज्य में बेहतरीन क्रियान्वयन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक बार पुनः अप्रेल के प्रथम सप्ताह से मुख्यमंत्री दिव्यांग निःशुल्क स्कूटी वितरण योजना से संबंधित पोर्टल को शुरू करना प्रस्तावित है, इसलिए अधिकाधिक जरूरतमंद इस योजना का लाभ उठाऎं। उन्होंने कहा कि मजबूत हौसलों से दिव्यांगजन अपनी नई राह स्वयं तय करें एवं मजबूत इरादों से अपना लक्ष्य हासिल करें। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा मिलने वाले पेंशन अब 1000 रूपयें कर दी गई है व हर वर्ष पेंशन में स्वतः ही 15 प्रतिशत की वृद्वि होगी। दिव्यांगजनों, वृद्वजन, विशेष योग्यजनों को राहत पंहुचाने हेतु सरकार की और से ऑनलाईन वार्षिक सत्यापन की व्यवस्था की गई है। जिससे योजनाओं का लाभ लेना और अधिक आसान हो सकेगा। धन्यवाद रैली में सैकडों की संख्या में लाभार्थी मौजूद रहे।
मंत्री जूली ने धन्यवाद कार्यक्रम में मौजूद स्कूटी लाभार्थियों को माला पहनाकर एवं मिठाई खिलाकर बधाई दी। उन्होंने दिव्यांगजनों को साफा भी पहनाया एवं उनका हौसला बढ़ाया। परमार्थम् दिव्यांग एवं जनकल्याण संस्थान के उपाध्यक्ष भवानी शर्मा ने बताया कि अलवर में प्रथम चरण में 109 स्कूटी एवं 27 मार्च सोमवार को आयोजित द्वितीय चरण के कार्यक्रम में 263 निःशुल्क स्कूटी का वितरण किया गया था। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पूर्व में 2 हजार निःशुल्क स्कूटी, वर्तमान में 5 हजार निःशुल्क स्कूटी वितरित की है और आगे भी आगामी 4 माह में 5 हजार स्कूटी और वितरित करने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि कुल 12 हजार स्कूटी की वजह से दिव्यांगजनों को अपने कार्यो को करने में आसानी होगी व उन्हें मजबूती मिलेगी।


